इंडोनेशिया के राष्ट्रपति प्रबोवो सुबियांतो ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सम्मान में आयोजित राजकीय भोज के दौरान भारत की विकास यात्रा और मोदी सरकार की विभिन्न योजनाओं की खुलकर सराहना की। अपने संबोधन में उन्होंने कहा कि उन्होंने प्रधानमंत्री मोदी के राजनीतिक सफर और उनकी नीतियों का लंबे समय से अध्ययन किया है तथा कई योजनाओं से प्रेरणा लेकर उन्हें अपने देश में अपनाने का प्रयास कर रहे हैं। राष्ट्रपति प्रबोवो ने कहा कि भारत और इंडोनेशिया कई मामलों में समान चुनौतियों का सामना करते हैं। दोनों देशों की बड़ी आबादी, कृषि आधारित अर्थव्यवस्था और प्राकृतिक आपदाओं जैसी परिस्थितियां एक जैसी हैं। इसके बावजूद भारत ने विकास के क्षेत्र में उल्लेखनीय उपलब्धियां हासिल की हैं, जो अन्य देशों के लिए भी प्रेरणा का स्रोत हैं। उन्होंने हल्के-फुल्के अंदाज में कहा कि उन्हें खुशी है कि प्रधानमंत्री मोदी की योजनाओं पर कोई कॉपीराइट नहीं है, इसलिए वे बिना किसी संकोच के उनमें से कई योजनाओं को अपनाने की कोशिश कर रहे हैं। उनके इस बयान पर कार्यक्रम में मौजूद प्रधानमंत्री मोदी सहित सभी अतिथि मुस्कुरा उठे और पूरा सभागार तालियों की गड़गड़ाहट से गूंज उठा।
प्रबोवो ने बताया कि हाल ही में इंडोनेशिया का एक सरकारी प्रतिनिधिमंडल भारत के अध्ययन दौरे पर आया था। इस दौरान प्रतिनिधिमंडल ने शुष्क भूमि को दोबारा उपजाऊ बनाने की भारतीय तकनीकों और विशेष रूप से परमाकल्चर मॉडल का अध्ययन किया। उन्होंने कहा कि भारत के अनुभवों से सीखकर इंडोनेशिया अपनी कृषि व्यवस्था को और मजबूत बनाने की दिशा में काम कर रहा है। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी हिंद-प्रशांत मिशन के तहत तीन दिवसीय राजकीय यात्रा पर इंडोनेशिया पहुंचे हैं। इस दौरान दोनों देशों के बीच कई महत्वपूर्ण द्विपक्षीय समझौतों पर सहमति बनी है, जिनका उद्देश्य व्यापार, निवेश, रक्षा, कृषि और अन्य क्षेत्रों में सहयोग को और मजबूत करना है। दौरे के दौरान इंडोनेशिया सरकार ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को देश के सर्वोच्च नागरिक सम्मान ‘बिंतांग आदिपूर्णा ऑफ द रिपब्लिक ऑफ इंडोनेशिया’ से भी सम्मानित किया। इस यात्रा को भारत और इंडोनेशिया के रणनीतिक संबंधों को नई ऊंचाई देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।