Deprecated: Function WP_Dependencies->add_data() was called with an argument that is deprecated since version 6.9.0! IE conditional comments are ignored by all supported browsers. in /home/u141101890/domains/uttaranchalratna.com/public_html/wp-includes/functions.php on line 6131

भू-जल दोहन पर लगाम: कैबिनेट ने पास की नई नियमावली, व्यावसायिक उपयोग के लिए चुकाना होगा शुल्क।

मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी की अध्यक्षता में आज सचिवालय में आयोजित कैबिनेट बैठक में प्रदेश के विकास और व्यवस्थाओं से जुड़े 8 महत्वपूर्ण प्रस्तावों पर मुहर लगाई गई। इस बैठक में स्वास्थ्य, राजस्व, शिक्षा और ऊर्जा जैसे प्रमुख क्षेत्रों के लिए दूरगामी फैसले लिए गए।

1. स्वास्थ्य विभाग: ANM के तबादलों का रास्ता साफ

प्रदेश में कार्यरत ऐसी ANM, जिनकी सेवा अवधि 5 वर्ष पूरी हो चुकी है, उनके लिए कैबिनेट ने बड़ी राहत दी है। अब वे आपसी सहमति (Mutual Consent) के आधार पर एक जिले से दूसरे जिले में अपना स्थानांतरण (Transfer) करा सकेंगी।

2. रक्षा मंत्रालय को सौंपी हवाई पट्टियों की जिम्मेदारी

सुरक्षा और सामरिक दृष्टि से महत्वपूर्ण चिन्यालीसौड़ और गौचर हवाई पट्टियों के संचालन को लेकर बड़ा फैसला हुआ है। केंद्र और राज्य सरकार के बीच समन्वय के बाद अब इनका संचालन रक्षा मंत्रालय को सौंपा जाएगा।

3. भू-जल संरक्षण: व्यवसायिक दोहन पर लगेगा शुल्क

प्रदेश में गिरते भू-जल स्तर को बचाने के लिए कैबिनेट ने नई भू-जल नियमावली को मंजूरी दी है। अब पानी के व्यावसायिक उपयोग के लिए दरें तय कर दी गई हैं। साथ ही, रजिस्ट्रेशन शुल्क 5,000 रुपये अनिवार्य किया गया है ताकि अंधाधुंध दोहन को रोका जा सके।

4. उत्तराखंड को मिली ‘ग्रीन हाइड्रोजन नीति’

पर्यावरण संरक्षण और वैकल्पिक ऊर्जा को बढ़ावा देने के लिए ग्रीन हाइड्रोजन नीति को मंजूरी दी गई है। इसके तहत दी जाने वाली सब्सिडी के निर्धारण के लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक विशेष कमेटी का गठन किया जाएगा।

5. शिक्षा और रोजगार: नए पदों का सृजन

  • जनजाति कल्याण विभाग: विभाग में नए पदों के सृजन को मंजूरी दी गई है और पुरानी नियमावली में आवश्यक संशोधन किए गए हैं।

  • विश्वविद्यालय का दर्जा: देहरादून स्थित GRD कॉलेज को अब ‘उत्तराखंड विश्वविद्यालय’ का दर्जा देने की अनुमति मिल गई है।

6. राजस्व और औद्योगिक विकास

  • भूमि अधिग्रहण: राजस्व विभाग में अब आपसी समझौते के माध्यम से भूमि अधिग्रहण की नई व्यवस्था लागू की जाएगी।

  • सिडकुल को बड़ी राहत: उधम सिंह नगर स्थित पराग फर्म की भूमि जो सिडकुल को दी गई थी, अब सिडकुल उसे ‘सब-लीज’ पर दे सकेगा, जिससे औद्योगिक विकास को गति मिलेगी।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *